आपको किराये की मशीन किसी प्लांट, रिफ़ाइनरी या क्लाइंट के नियंत्रण वाली किसी और साइट पर लानी है, लेकिन गेट पर क्या माँगा जाएगा, यह आपको पता नहीं है। इंडस्ट्रियल साइट पर मशीन की शर्तें हर साइट पर अलग होती हैं। आपके काम पर लागू सूची आम तौर पर साइट ओनर या मेन कॉन्ट्रैक्टर के पास होती है। यह गाइड बताती है कि कौन-से सवाल भेजने हैं और जवाबों को रिक्वेस्ट में कैसे डालना है।
इंडस्ट्रियल साइट पर मशीन की शर्तें आम साइट से ज़्यादा क्यों होती हैं?
इंडस्ट्रियल और दूसरी क्लाइंट-नियंत्रित साइटें अपने एंट्री के नियम खुद चलाती हैं। उनकी सेफ़्टी और कॉन्ट्रैक्टर-मैनेजमेंट टीम तय करती है कि काम शुरू होने से पहले मशीन, ऑपरेटर और कंपनी को क्या दिखाना होगा। इसकी वजहें व्यावहारिक हैं: पास में चल रहा प्लांट, ईंधन और प्रोसेस के खतरे, और क्लाइंट की अपनी सेफ़्टी व इंश्योरेंस की ज़िम्मेदारियाँ।
इसलिए कोई एक तैयार चेकलिस्ट नहीं है जिस पर भरोसा करके चला जाए। शर्तें साइट ओनर, प्रोजेक्ट और इंश्योरर के हिसाब से अलग होती हैं। मशीन भेजने से पहले ये शर्तें उन्हीं लोगों से लिखित में लें जो गेट पर नियंत्रण रखते हैं।
ध्यान रखें. जो मशीन आम साइट पर चल जाती है, उसे इंडस्ट्रियल गेट से वापस भेजा जा सकता है। यह बात मशीन यार्ड से ट्रक निकलने से पहले पता करें, गेट पर नहीं।
किससे पूछें, और ठीक-ठीक क्या पूछें?
पहले साइट ओनर की कॉन्ट्रैक्टर-मैनेजमेंट या सेफ़्टी टीम से पूछें। अगर आप सब-कॉन्ट्रैक्टर हैं, तो अपने मेन कॉन्ट्रैक्टर के ज़रिए पूछें, जिसके पास आम तौर पर यह संपर्क होता है। शर्तें दस्तावेज़ या ईमेल में माँगें, ताकि आप उन्हें सप्लायरों को आगे भेज सकें।
सवाल विषय के हिसाब से समूहों में भेजें। छोटे सवालों के जवाब लंबे ख़त से जल्दी मिलते हैं। साथ में बताएँ कि आप कौन-सी मशीन लाने वाले हैं, ताकि साइट उसी मशीन के बारे में जवाब दे, किसी आम मशीन के बारे में नहीं।
| समूह | यह पूछें |
|---|---|
| मशीन और कागज़ात | क्या उम्र, मॉडल या हालत की कोई सीमा है? आवश्यक दस्तावेज़ों की सूची और उनका स्वीकार्य फ़ॉर्मेट भेजें। |
| ऑपरेटर | ऑपरेटर या ड्राइवर को क्या दिखाना होगा? क्या साइट इंडक्शन ज़रूरी है? |
| साइट के नियम | मशीन किन क्षेत्रों में जाएगी? क्या परमिट, स्पीड लिमिट या तय समय के दायरे हैं? |
| लिफ्टिंग | क्या क्लाइंट का अपना लिफ्ट-प्लान फ़ॉर्मेट है? लिफ्टिंग एक्सेसरीज़ पर क्या मार्किंग और सर्टिफ़िकेशन होना ज़रूरी है? |
| ईंधन और शोर | क्या ईंधन स्टोरेज, स्पिल कंटेनमेंट या शोर पर कोई नियम हैं? |
| मंज़ूरी | मंज़ूरी के चरण क्या हैं, इन्हें कौन करता है, और पहले हमसे क्या चाहिए? |
मंज़ूरी वाली पंक्ति सबसे पहले पूछें। वही बताती है कि बाकी सब की योजना कैसे बनानी है। एक संदेश में सवाल भेजने के लिए नीचे दिया ढाँचा कॉपी करें और कोष्ठक में लिखे शब्द भरें:
- विषय: (साइट का नाम) पर (मशीन का प्रकार) के लिए एंट्री की शर्तें
- हम (मशीन का प्रकार), (मेक और मॉडल), सीरियल नंबर (नंबर) लाने वाले हैं। यह (सप्लायर का नाम) से आएगी, ऑपरेटर (नाम) होगा, और (शुरुआत की तारीख़) से काम होगा।
- कृपया आवश्यक दस्तावेज़ों की सूची, स्वीकार्य फ़ॉर्मेट, और मशीन व ऑपरेटर की मंज़ूरी के चरण भेजें।
- कृपया परमिट, प्रतिबंधित क्षेत्र, लिफ्ट-प्लान फ़ॉर्मेट, और ईंधन या शोर के नियम भी बताएँ।
- धन्यवाद। (आपका नाम और कंपनी)
मशीन के कौन-से दस्तावेज़ आम तौर पर माँगे जाते हैं?
दस्तावेज़ आम तौर पर इन समूहों में आते हैं। साइट की अपनी सूची ही माँगें, क्योंकि आपकी सूची में वह कागज़ छूट सकता है जो साइट को चाहिए, या ऐसा कागज़ जुड़ सकता है जिसकी साइट को ज़रूरत नहीं।
- स्वामित्व या रजिस्ट्रेशन: इस बात का प्रमाण कि सप्लायर मशीन का मालिक है या उसे किराये पर देने का अधिकार है।
- इंस्पेक्शन: लिफ्टिंग उपकरण के लिए मौजूदा थर्ड-पार्टी इंस्पेक्शन सर्टिफ़िकेट, जैसे TÜV, उसकी एक्सपायरी डेट के साथ।
- इंश्योरेंस: मशीन और काम के लिए कवर का प्रमाण।
- ऑपरेटर के कागज़ात: योग्यता और पहचान, जिनके बारे में अगला हिस्सा है।
- मेंटेनेंस रिकॉर्ड: सर्विस का इतिहास, जो दिखाए कि मशीन अच्छी हालत में रखी जाती है।
सर्टिफ़िकेट तभी काम का है जब वह मौजूदा हो और उसी मशीन का हो जो आपको मिलने वाली है। कागज़ पर लिखे सीरियल नंबर को मशीन की प्लेट से मिलाएँ। यह भी देखें कि एक्सपायरी डेट पूरे किराये के दौरान चलती है या नहीं। लिफ्टिंग सर्टिफ़िकेट में क्या देखना है, इसके लिए लिफ्टिंग उपकरण के इंस्पेक्शन सर्टिफ़िकेट में क्या जाँचें पढ़ें।
सुझाव. बुकिंग पक्की करने से पहले सप्लायर से दस्तावेज़ों की फ़ोटो या कॉपी माँगें। जो सप्लायर इन्हें जल्दी नहीं भेज पाता, उसके कागज़ात शायद व्यवस्थित नहीं हैं, इसलिए पूछें कि देर क्यों हो रही है।
ऑपरेटर और ड्राइवर को आम तौर पर क्या दिखाना होता है?
साइटें आम तौर पर उस मशीन के प्रकार के लिए ऑपरेटर की योग्यता का प्रमाण, वैध पहचान पत्र और अक्सर पहली शिफ़्ट से पहले साइट इंडक्शन माँगती हैं। कुछ साइटें समान उपकरण पर ऑपरेटर का अनुभव भी देखना चाहती हैं।
यह न मानें कि सप्लायर का ऑपरेटर पहले से मंज़ूर है। पूछें कि क्या साइट हर ऑपरेटर को नाम से मंज़ूरी देती है। अगर देती है, तो किराये के दौरान बदले गए ऑपरेटर को भी मंज़ूरी चाहिए हो सकती है।
दो बातें पूछें: साइट को हर ऑपरेटर के लिए क्या दिखाना होगा, और बदले गए ऑपरेटर को मंज़ूरी मिलने में कितना समय लगता है। ऑपरेटर की योग्यता खुद परखने के लिए ऑपरेटर की योग्यता की जाँच पढ़ें।
साइट के कौन-से नियम मशीन के काम करने का तरीका बदलते हैं?
कुछ नियम मशीन को साइट में आने से नहीं रोकते। वे बस बदल देते हैं कि मशीन काम कैसे कर सकती है।
- लिफ्टिंग: कई इंडस्ट्रियल साइटें क्रेन लिफ्ट के लिए लिखित लिफ्ट प्लान माँगती हैं। वे मार्क और सर्टिफ़ाइड लिफ्टिंग एक्सेसरीज़ भी माँगती हैं। समय बचाने के लिए लिफ्ट प्लान, इंस्पेक्शन या निर्माता के लोड चार्ट को कभी न छोड़ें। जल्दी पूछें कि क्लाइंट का अपना लिफ्ट-प्लान फ़ॉर्मेट है या नहीं, फिर क्रेन लिफ्ट प्लान चेकलिस्ट से उसकी सामग्री तैयार करें।
- प्रतिबंधित क्षेत्र: कुछ क्षेत्रों में इग्निशन सोर्स या गाड़ियों की आवाजाही पर रोक होती है, और वहाँ साइट द्वारा जारी किया गया परमिट टू वर्क चाहिए। पूछें कि मशीन किन क्षेत्रों में जाएगी, और परमिट कौन जारी करेगा।
- ईंधन और शोर: जनरेटर और ईंधन ले जाने वाले उपकरणों पर शोर, ईंधन स्टोरेज और स्पिल कंटेनमेंट के नियम लागू हो सकते हैं। पूछें कि क्या साइट ऐसे कोई नियम तय करती है।
- एक्सेस: गेट का समय, एस्कॉर्ट, रास्ता और पार्किंग तय कर सकते हैं कि क्रेन या कोई भी बड़ी मशीन कब और कैसे पहुँचेगी।
उदाहरण के लिए, कोई सप्लायर शटडाउन के काम के लिए मोबाइल क्रेन लाता है। क्रेन का सर्टिफ़िकेट वैध है, पर क्षेत्र में परमिट चाहिए और क्लाइंट अपना लिफ्ट-प्लान फ़ॉर्म माँगता है। कोटेशन लिखते समय इनमें से कोई बात पता नहीं थी। समाधान यह है कि पहले पूछ लें, ताकि सप्लायर असली काम का कोटेशन दे।
मंज़ूरी में कितना समय लग सकता है, और उसके हिसाब से योजना कैसे बनाएँ?
मशीन या ऑपरेटर की मंज़ूरी में लगा समय आपकी तय की गई शुरुआत से लंबा हो सकता है। साइट के बाहर का कोई भी व्यक्ति नहीं बता सकता कि कितना समय लगेगा, इसलिए अंदाज़ा न लगाएँ। तारीख़ तय करने से पहले मंज़ूरी के चरण पूछें।
फिर इस तरह योजना बनाएँ:
- साइट से चरण पूछें: हर चरण कौन करता है और उसके लिए आपसे क्या चाहिए।
- सप्लायर से दस्तावेज़ मिलते ही उन्हें साइट को भेजें।
- सप्लायर के साथ लिखित में तय करें कि मंज़ूरी के इंतज़ार के दौरान किराये की अवधि का क्या होगा।
- शुरुआत के लिए एक अतिरिक्त तारीख़ रखें। अगर मंज़ूरी टलती है, तो खाली खड़ी मशीन का किराया भरने के बजाय शुरुआत की तारीख़ आगे बढ़ाई जा सकती है।
तीसरा चरण छूट गया, तो हो सकता है कि आप ऐसी मशीन का किराया भर रहे हों जो गेट पर इंतज़ार कर रही है। फिर इस पर मतभेद हो सकता है कि इसका भुगतान किसके ज़िम्मे है।
इन शर्तों को Maedah की रिक्वेस्ट में कैसे डालें?
साइट के जवाब एक रिक्वेस्ट में डालें, ताकि हर सप्लायर एक ही काम की कीमत बताए। उसमें मशीन और मात्रा, शहर और मैप पर साइट, तारीख़ें, और ड्राइवर, इंश्योरेंस, TÜV इंस्पेक्शन, आरामको मंज़ूरी या अत्यावश्यक जैसी ज़रूरतें लिखें। साइट के अपने नियम, जैसे लिफ्ट-प्लान फ़ॉर्मेट या परमिट, भी ज़रूरत के रूप में जोड़ें। लिखने का ढंग जानने के लिए इक्विपमेंट रेंटल रिक्वेस्ट में क्या लिखें देखें।
Maedah किसी मशीन या सप्लायर का इंस्पेक्शन या सर्टिफ़िकेशन नहीं करता। इसलिए हर सप्लायर से पुष्टि करवाएँ कि वह क्या देता है, और स्वीकार करने से पहले कागज़ात दिखाने को कहें। बंद कोटेशन को साथ रखकर तुलना करें, सिर्फ़ कीमत पर नहीं, बल्कि इस पर भी कि उसमें क्या शामिल है।






